रायपुर/छत्तीसगढ़ राज्य की स्थापना के बाद से बजट के आकार में 35 गुना की भारी बढ़ोतरी देखी गई है।
- पहला बजट: ₹4,944 करोड़ (राज्य गठन के बाद)।
- 2023-24: ₹1.32 लाख करोड़।
- 2024-25: ₹1.65 लाख करोड़।
- 2026-27 (अनुमानित): ₹1.72 लाख करोड़।
🌾 किसान और महिलाएं: बजट की प्राथमिकता
साय सरकार ने अपने कोर वोट बैंक—किसानों और महिलाओं—के लिए खजाना खोल दिया है:
- कृषक उन्नति योजना: ₹10,000 करोड़ का भारी-भरकम प्रावधान।
- महतारी वंदन योजना: महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए ₹8,200 करोड़।
- मुख्यमंत्री खाद्य योजना: गरीबों को राशन सुरक्षा के लिए ₹5,000 करोड़।
🏥 स्वास्थ्य और शिक्षा पर जोर
- आयुष्मान योजना: ₹1,500 करोड़।
- एजुकेशन सिटी विकास: ₹500 करोड़।
- मेडिकल कॉलेज: बस्तर और सरगुजा मेडिकल कॉलेज के लिए ₹50 करोड़।
- आंगनबाड़ी सेवाएं: ₹800 करोड़।
- दृष्टिबाधित स्कूल: रायपुर के मठपुरैना में स्कूल निर्माण हेतु ₹2.50 करोड़।
🏗️ इंफ्रास्ट्रक्चर और कनेक्टिविटी
- बस्तर इंटरनेट: बस्तर संभाग में डिजिटल पहुंच बढ़ाने के लिए ₹500 करोड़।
- मुख्यमंत्री सड़क संपर्क योजना: ₹200 करोड़।
- मुख्यमंत्री बस योजना: ₹10 करोड़।
- दीनदयाल भूमिहीन योजना: ₹600 करोड़।
📊 ‘SANKALP’ मॉडल: विकास का नया खाका
सरकार ने अपने काम करने के तरीके को सात अक्षरों के एक फार्मूले में पिरोया है:
| अक्षर | अर्थ | मुख्य लक्ष्य |
|---|---|---|
| S | समावेशी विकास | शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक सुरक्षा। |
| A | अधोसंरचना | सड़क, बिजली, जल और डिजिटल इंफ्रा। |
| N | निवेश | उद्योगों की स्थापना और रोजगार सृजन। |
| K | कुशल मानव संसाधन | कौशल विकास और युवाओं को आत्मनिर्भर बनाना। |
| A | अंत्योदय | अंतिम व्यक्ति तक विकास पहुंचाना। |
| L | लाइवलीहुड | ग्रामीण रोजगार और छोटे उद्यमों को बढ़ावा। |
| P | पॉलिसी से परिणाम | स्पष्ट संकल्प और प्रभावी परिणाम। |
सामाजिक न्याय की बड़ी घोषणाएं
- OBC वर्ग: रायपुर में OBC छात्राओं के लिए 200 सीटों का हॉस्टल और विकास प्राधिकरण के लिए ₹80 करोड़।
- SC वर्ग: अनुसूचित जाति के छात्रों के लिए नए हॉस्टल और स्कूलों का निर्माण।
- नशा मुक्ति: केंद्रों के संचालन के लिए ₹20 करोड़।
- पेंशन योजना: ₹1,422 करोड़ का प्रावधान।