दुर्ग। जिले के ग्राम समोदा में अवैध अफीम की खेती पकड़े जाने के बाद छत्तीसगढ़ की राजनीति में भूचाल आ गया है। इस मुद्दे को लेकर आज कांग्रेस ने प्रदेश सरकार और भाजपा के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए भाजपा कार्यालय का घेराव किया। प्रदर्शन में भारी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और महिला नेत्रियां शामिल हुईं।
बैरिकेड्स तोड़कर आगे बढ़े कार्यकर्ता, पुलिस से तीखी झड़प
प्रदर्शन को देखते हुए प्रशासन ने भाजपा कार्यालय के आसपास सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे। पुलिस ने सुरक्षा के मद्देनजर तीन लेयर की बैरिकेडिंग की थी।
- कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए पहले बैरिकेड को तोड़ दिया और आगे बढ़ने की कोशिश की।
- पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच काफी देर तक धक्का-मुक्की चलती रही।
- हालांकि, पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए दूसरे घेरे के पास कार्यकर्ताओं को रोक लिया।
पूर्व गृहमंत्री का तीखा हमला: “शांति का टापू अब नशे का केंद्र”
प्रदर्शन में शामिल पूर्व गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू ने भाजपा सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा:
”जो भाजपा नेता पहले शराबबंदी की बात करते थे, वे आज शराब दुकानों को बढ़ावा दे रहे हैं। छत्तीसगढ़ हमेशा से ‘शांति का टापू’ रहा है, लेकिन अब यहाँ अफीम की खेती पकड़ी जा रही है, जो प्रदेश के भविष्य के लिए बेहद चिंताजनक है।”
उन्होंने सीधे तौर पर भाजपा नेता विनायक ताम्रकार की भूमिका पर सवाल उठाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और पूरे नेटवर्क के खुलासे की मांग की।
अफीम के साथ गैस सिलेंडर की महंगाई का विरोध
एडीएम हेमंत राजपूत के अनुसार, कांग्रेस ने न केवल अफीम की खेती, बल्कि रसोई गैस की बढ़ती कीमतों के खिलाफ भी अपना विरोध दर्ज कराया है। प्रशासन का कहना है कि प्रदर्शन के दौरान किसी को भी चोट नहीं आई है और स्थिति नियंत्रण में रही।
मुख्य उपस्थिति:
पूर्व गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू, जिला कांग्रेस अध्यक्ष राकेश ठाकुर, भिलाई जिला अध्यक्ष मुकेश चंद्राकर और सैकड़ों की संख्या में कार्यकर्ता।