
जांजगीर-चांपा। जिले के धुरकोट गांव में फूड पॉइजनिंग का गंभीर मामला सामने आया है। एक ही परिवार के चार बच्चों की तबीयत अचानक बिगड़ गई, जिनमें से एक बच्चे की मौत हो गई, जबकि तीन बच्चों का जिला अस्पताल में उपचार जारी है। घटना के बाद गांव में हड़कंप मच गया है।
मिली जानकारी के अनुसार बच्चे छुट्टियां मनाने अपने मामा के घर धुरकोट गांव आए हुए थे। परिजनों ने बताया कि रविवार शाम सभी बच्चों ने तरबूज खाया था और रात में चिकन का सेवन किया था। इसके कुछ समय बाद बच्चों को पेट दर्द, उल्टी और दस्त की शिकायत शुरू हो गई।
बताया जा रहा है कि 12 वर्षीय अखिलेश धीवर की हालत देर रात ज्यादा बिगड़ गई। परिजन उसे उपचार के लिए जिला अस्पताल लेकर जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। वहीं 13 वर्षीय भूपेंद्र धीवर समेत तीन अन्य बच्चों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है। डॉक्टरों के अनुसार फिलहाल भर्ती बच्चों की हालत सामान्य बनी हुई है।
जिला अस्पताल के चिकित्सक डॉ. इकबाल हुसैन ने बताया कि शुरुआती जांच में मामला फूड पॉइजनिंग का प्रतीत हो रहा है। हालांकि बच्चे की मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
डॉक्टरों ने लोगों से अपील की है कि गर्मी के मौसम में फल एवं खाद्य सामग्री का सेवन सावधानीपूर्वक करें। खाने से पहले फल-सब्जियों को अच्छी तरह साफ करें और ताजा भोजन ही उपयोग में लें, ताकि फूड पॉइजनिंग जैसी घटनाओं से बचा जा सके।