
पुडुचेरी जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने खाद्य सुरक्षा और स्वच्छता मानकों की घोर अनदेखी के एक मामले में ‘बिरयानी एंड कंपनी’ (Biryani & Company) रेस्टोरेंट को सेवा में कमी का दोषी ठहराया है। रेस्टोरेंट की बिरयानी में मरा हुआ कीड़ा मिलने की शिकायत पर सुनवाई करते हुए आयोग ने न सिर्फ रेस्टोरेंट पर आर्थिक जुर्माना लगाया है, बल्कि एक अनोखा आदेश देते हुए शिकायतकर्ता को 10 प्लेट ताज़ा बिरयानी मुफ्त परोसने का भी निर्देश दिया है।
क्या है पूरा मामला?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शिकायतकर्ता पी. सुंदरकुमारा मणिकंदन 8 दिसंबर 2025 को अपने एक मित्र के साथ पुडुचेरी स्थित ‘बिरयानी एंड कंपनी’ रेस्टोरेंट गए थे। वहां उन्होंने ₹558 का बिल चुकाकर अलग-अलग प्रकार की चिकन बिरयानी ऑर्डर की। भोजन के दौरान मणिकंदन को अपनी बिरयानी में एक मरा हुआ कीड़ा (मक्खी) दिखाई दिया।इस घोर लापरवाही को देखते हुए शिकायतकर्ता ने तुरंत प्लेट की फोटो खींची और वीडियो रिकॉर्डिंग कर ली। बाद में इन्हीं तस्वीरों और वीडियो को उपभोक्ता आयोग के समक्ष पुख्ता सबूत के तौर पर पेश किया गया। शिकायतकर्ता का आरोप था कि रेस्टोरेंट द्वारा परोसे गए इस अस्वच्छ और असुरक्षित भोजन से उन्हें भारी मानसिक पीड़ा हुई और स्वास्थ्य संबंधी चिंताएं पैदा हुईं।
सुनवाई में पेश नहीं हुआ रेस्टोरेंट
मामले की सुनवाई के दौरान एक दिलचस्प पहलू यह सामने आया कि आयोग द्वारा नोटिस भेजे जाने के बावजूद रेस्टोरेंट का कोई प्रतिनिधि पेश नहीं हुआ। नतीजतन, आयोग को इस मामले की सुनवाई एकतरफा (ex-parte) करनी पड़ी।
आयोग ने सुनवाई के दौरान इस बात पर भी गौर किया कि रेस्टोरेंट ने अपने आधिकारिक कानूनी जवाब में तो आरोपों से साफ इनकार कर दिया था, लेकिन सोशल मीडिया (गूगल रिव्यू) पर की गई शिकायत के जवाब में उन्होंने घटना को स्वीकार करते हुए माफी मांगी थी। आयोग ने पेश किए गए फोटो-वीडियो साक्ष्यों को सही माना और कहा कि यह सीधे तौर पर उपभोक्ता अधिकारों का उल्लंघन और सेवा में गंभीर कमी है।
आयोग ने शिकायत आंशिक रूप से स्वीकार करते हुए रेस्टोरेंट को शिकायतकर्ता को ₹10,000 मुआवजा और ₹3,000 मुकदमेबाजी खर्च देने का आदेश दिया। इसके अलावा सद्भावना के तौर पर रेस्टोरेंट को पांच लगातार रविवार तक शिकायतकर्ता को 10 प्लेट ताजा हैदराबादी चिकन बिरयानी मुफ्त देने का भी निर्देश दिया गया l