
बिलासपुर। : बिलासपुर जिले के सिरगिट्टी थाना क्षेत्र से दो नाबालिग बच्चियों के साथ कथित दुष्कर्म का गंभीर मामला सामने आया है। घटना के बाद पीड़ित परिवार में आक्रोश है और परिजनों ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल खड़े करते हुए आरोपी पक्ष को बचाने का आरोप लगाया है। मामले को लेकर परिवार ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) से शिकायत कर न्याय की मांग की है।
जानकारी के अनुसार, पीड़ित बच्चियों की उम्र 7 और 8 वर्ष बताई जा रही है। आरोप है कि पड़ोस में रहने वाले एक नाबालिग ने दोनों बच्चियों के साथ गलत हरकत की। घटना की जानकारी मिलने के बाद परिजनों ने पुलिस से शिकायत की, लेकिन कार्रवाई की गति और प्रक्रिया को लेकर असंतोष जताया है।
बताया गया कि, आरोपी नाबालिग लड़का चॉकलेट खिलाने के बहाने पिछले कई दिनों से बच्चियों के साथ गलत हरकत कर रहा था। 27 मई को परिजनों ने उसे रंगे हाथों पकड़ लिया। वह गलत काम करते समय बच्चियों को रस्सी से बांधकर रखता था। 29 मई को पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार तो कर लिया, लेकिन मौके से सबूत जब्त नहीं किए।
पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
पीड़ित परिवार का आरोप है कि थाना स्तर पर मामले को गंभीरता से नहीं लिया गया और आरोपी पक्ष को बचाने का प्रयास किया गया। परिजनों ने थाना प्रभारी और कुछ पुलिसकर्मियों की भूमिका पर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि मामले में निष्पक्ष और सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए ताकि पीड़ित बच्चियों को न्याय मिल सके। शिकायत के बावजूद पुलिस आरोपी लड़के को पकड़ने के बजाय उसकी मां से बातचीत करने में लगी रही। लड़के की मां ने पुलिस को 10-20 हजार रुपए देने की पेशकश भी की थी। जब परिजनों ने गिरफ्तारी में देरी पर आपत्ति जताई, तब कहीं जाकर पुलिस लड़के को थाने लेकर आई। परिवार ने पूरे मामले की शिकायत बिलासपुर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से की है। शिकायत में दोषी के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की गई है।
जांच के निर्देश
मामले की गंभीरता को देखते हुए SSP रजनेश सिंह ने तत्काल संज्ञान लेते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) को जांच के निर्देश दिए हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सभी तथ्यों की जांच की जा रही है और जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
परिवार को न्याय का इंतजार
: घटना के बाद इलाके में भी चिंता और नाराजगी का माहौल है। परिजन चाहते हैं कि मामले की निष्पक्ष जांच हो और दोषी के खिलाफ कानून के तहत कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद आगे की कानूनी प्रक्रिया अपनाई जाएगी।