
भोपाल। मध्य प्रदेश में पेट्रोल-डीजल भरवाने वाले वाहन चालकों के लिए महत्वपूर्ण खबर है। प्रदेश के पेट्रोल पंप डीलर्स ने 2,000 रुपये से अधिक के ईंधन बिल पर UPI भुगतान स्वीकार नहीं करने का फैसला किया है। मध्य प्रदेश पेट्रोल पंप डीलर्स एसोसिएशन के अनुसार यह व्यवस्था प्रदेश के करीब 4,700 पेट्रोल पंपों पर लागू की जाएगी।
एसोसिएशन के अध्यक्ष अजय सिंह के मुताबिक, 2,000 रुपये से अधिक के UPI लेन-देन पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) लगने से पेट्रोल पंप संचालकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है। उनके अनुसार ऐसे प्रत्येक लेन-देन पर 5 रुपये MDR और उस पर 18 प्रतिशत GST यानी 90 पैसे का अतिरिक्त खर्च आता है। इस तरह एक ट्रांजेक्शन पर कुल 5.90 रुपये का भार पड़ता है।
डीलर्स एसोसिएशन का दावा है कि एक पेट्रोल पंप पर प्रतिदिन औसतन 100 से अधिक ऐसे UPI ट्रांजेक्शन होते हैं। इससे करीब 590 रुपये प्रतिदिन और लगभग 17,400 रुपये प्रतिमाह अतिरिक्त खर्च होने का अनुमान है। प्रदेश के करीब 4,700 पेट्रोल पंपों को मिलाकर यह राशि लगभग 8.17 करोड़ रुपये प्रतिमाह बताई गई है।
तेल कंपनियों से MDR की भरपाई की मांग
पेट्रोल पंप डीलर्स ने मांग की है कि डिजिटल भुगतान पर लगने वाले MDR की भरपाई तेल कंपनियों की ओर से की जाए। एसोसिएशन का कहना है कि पेट्रोल पंपों पर नकद भुगतान स्वीकार करना अनिवार्य है, लेकिन डिजिटल भुगतान स्वीकार करने को लेकर ऐसी बाध्यता नहीं है।
इस फैसले के लागू होने के बाद 2,000 रुपये से अधिक के पेट्रोल-डीजल बिल का भुगतान करने वाले ग्राहकों को UPI के बजाय नकद या उपलब्ध अन्य भुगतान माध्यमों का इस्तेमाल करना पड़ सकता है।